NCERT Hindi Class 10 Chapter 6 Madhur Madhur Deepak Jale Mere CBSE Board Sample Problems Short Answer (For CBSE, ICSE, IAS, NET, NRA 2022)

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1 दे प्रकाश का सिंधु अपरिमित तेरे जीवन का अणु गल गल! -पंक्ति का भाव स्पष्ट कीजिए।

उत्तर- मनुष्य को अपने जीवन का हर पल दूसरों के जीवन को प्रकाशित करने में लगाना चाहिए, यही पंक्ति का मूलभाव है।

2 कवियत्री ने सागर से क्या सीखने की शिक्षा दी है?

उत्तर- अथाह जलराषि के स्वामी सागर के मध्य बड़वानल स्थित होती है। वह स्वयं कष्ट सहता है।

3 कवयित्री को आकाश के तारे स्नेहीन क्यों प्रतीत हो रहे हैं?

उत्तर- आकाश के अगणित तारे किसी भी पथिक की राह में प्रकाश नहीं कर सकते हैं उनके जीने का कोई उद्देश्य नहीं है वे निरर्थक टिमटिमाते हैं। इसी कारण उन्हें स्नेहहीन अर्थात तेल व प्रेम से रहित कहा है।

4 विश्व -शलभ दीपक के साथ क्यों जाना चाहता है?

उत्तर- विश्वरूपी शलभ अर्थात पतंगा मोह-माया रूपी प्रकाश की आकर्षित होकर अपना जीवन निरर्थक बिता देता है और अंत समय आने पर पछताता है। जिस प्रकार दीपक स्वयं कष्टसहकर भी दूसरों को प्रकाशित करता है वैसे ही विश्व भी अपने विकारों को समाप्त कर परोपकार करने की इच्छा प्रकट कर रहा है।

5 कवयित्री दीपक से क्या आग्रह कर रही है?

उत्तर- ईश्वर को पाने के लिए निरंतर जलने का आग्रह दीपक से किया जा रहा है तभी लक्ष्य की प्राप्ति संभव हो पायेगी।