NCERT Class 10 Hindi Detailed Solutions of Sparsh Chapter 12 Tatara Vamiro Part 3

हिन्दी (स्पर्श) (पाठ 3) (लीलाधर मंडलोई-तताँरा वामीरों कथा) (कक्षा 10)

प्रश्न 3:

वामीरों से मिलने के बाद तताँरा के जीवन में क्या परिवर्तन आया था?

उत्तर 3:

तताँरा का जीवन मानों अकेला प्रतीक्षा करने वाला था। अर्थात उसका जीवनकाल अकेले ही वामीरों का इंतजार करने में व्यतीत हुआ था। उसकी गंभीर और शांत जिंदगी में ऐसा पहली बार हुआ था वह दिन डूबने के बहुत समय पहले वह समुद्री यान पर चला गया और बेचैनी से लापता के रास्ते पर अपनी निगाहें लगाए रहा अर्थात वह व्याकुल होकर लापता मार्ग पर अपनी नजरे टिकाएं रहा कि अचानक नारियल के झुरमुटो में से उसे एक आकृति साफ होती दिखाई दी। अर्थात एकदम से तताँरा को नारियल के झुंड में से एक छवि दिखाई थी। वह ओर कोई नहीं बल्कि वामीरों थी तताँरा की खुशी का कोई ठिकाना न रहा। तात्पर्य यह है कि तताँरा ने जब वामीरों को देखा तो वह बहुत ज्यादा खुश हो गया। वामीरों अपने को छुपाते हुए आगे बढ़ रही थी और तेज कदमों से चलती हुई तताँरा के पास आकर ठिठक गई। अर्थात डर गई। दोनों एक दूसरे को बहुत देर तक देखते रहे। सूरज समुद्र की लहरों में कहीं खो गया अर्थात अंधेरा बढ़ने लगा और रात हो गई। अचानक वामीरों अंधेरा देखकर घर की ओर भागने लगी लेकिन तताँरा अब भी वहीं खड़ा हुआ था।

प्रश्न 4:

प्राचीनकाल में मनोरंजन और शक्ति प्रदर्शन के लिए किस प्रकार के आयोजन किए जाते थे?

उत्तर 4:

पुराने समय में मनोरंजन और शक्ति प्रदर्शन के लिए घुड़दौड़, कुश्ती, तलवारबाजी, नृत्य-संगीत का आयोजन किया जाता था। अर्थात प्रस्तुत मनोरंजन के साधन पुराने जमाने में बहुत प्रसिद्ध थे और यही प्रस्तुत आयोजन चुनौती के रूप में प्रस्तुत किए जाते थे तथा श्रेष्ठ लोगों को पुरस्कृत किया जाता था। अर्थात योग्य लोगों को ईनाम देकर सम्मानित किया जाता था। पशुओं में तंदरुस्त पशुओं का प्रदर्शन किया जाता था। तात्पर्य यह है कि पशुओं में स्वस्थ्य पशुओं को पेश किया जाता था।

प्रश्न 5:

रूढ़ियां जब बंधन बन बोझ बनने लगे तब उनका अूट जा ही अच्छा है। क्यों? स्पष्ट कीजिए।

उत्तर 5:

रूढ़ियां जब बंधन बन बोझ बनने लगे तब उनका टूट जाना ही अच्छा है क्योंकि पुराने रीति रिवाज जब जीवन के मार्ग में बांधा डालने लगते तो उनका टूट जाना ही अच्छा होता हैं। क्योंकि वे रीति रिवाज व परंपरा प्रगति के रास्ते में बाधक बन जाते है और बाद में समाज में अच्छी आदतें नष्ट होने लगती हैं और बराईयां आने लगती है हर जगह विनाश का वातावरण बनने लगता है और दुराचारियों की भरमार होने लगती है।

Explore Solutions for Hindi

Sign In